मथुरा में ‘फरसा वाले बाबा’ के नाम से प्रसिद्ध गौ रक्षक चंद्रशेखर बाबा की मौत के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। संदिग्ध परिस्थितियों में हुई इस घटना ने स्थानीय लोगों को झकझोर कर रख दिया, जिसके बाद विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया।
बताया जा रहा है कि बाबा एक ट्रक का पीछा कर रहे थे, जिसमें कथित रूप से गौवंश ले जाया जा रहा था। इसी दौरान ट्रक चालक ने लापरवाही दिखाते हुए उन्हें कुचल दिया और फरार हो गया। इस घटना के बाद लोगों में गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने दिल्ली-कोलकाता हाईवे को जाम कर दिया।
हाईवे जाम होने से यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया और लंबी कतारें लग गईं। मौके पर पहुंची पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पत्थरबाजी की, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। इसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर हालात को काबू में किया।
घटना पर योगी आदित्यनाथ ने सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों को दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के अनुसार कार्रवाई होगी।
इस बीच अखिलेश यादव ने भी इस मुद्दे पर सरकार को घेरा और प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए।
पुलिस के अनुसार, अब स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। शैलेश पांडे ने बताया कि जाम हटवा दिया गया है और उपद्रवियों की पहचान कर उन्हें हिरासत में लिया जा रहा है।
यह घटना प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर एक बार फिर बहस का मुद्दा बन गई है। प्रशासन के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती है कि वह दोषियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर न्याय सुनिश्चित करे।