- जेब से सुसाइड नोट बरामद, कई सवालों के घेरे में मामला
उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में स्नेहा हत्याकांड से जुड़ा एक नया और चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। इस मामले में आरोपी बनाए गए सौरभ गौड़ (20) का शव बुधवार सुबह अतरौलिया थाना क्षेत्र के जमीन नंदना गांव के पास लिंक एक्सप्रेसवे के किनारे एक पेड़ से फंदे पर लटका मिला। घटना की खबर मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया।
स्थानीय लोगों ने शव देख पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद अतरौलिया थाना प्रभारी देवेंद्र नाथ दुबे फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। प्रारंभिक जांच में यह आत्महत्या का मामला प्रतीत हो रहा है। मृतक की जेब से बरामद सुसाइड नोट में सौरभ ने स्नेहा के परिजनों और एक पुलिस दरोगा पर मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए उन्हें अपनी मौत का जिम्मेदार बताया है।
सौरभ गौड़ अंबेडकरनगर जनपद के खरवईया गांव का निवासी था और वह राजेसुल्तानपुर थाना क्षेत्र की छात्रा स्नेहा की हत्या के मामले में नामजद आरोपी था। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए अंबेडकरनगर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और जांच में सहयोग किया।
पुलिस के मुताबिक सौरभ और स्नेहा के बीच करीब एक साल से प्रेम संबंध थे। एक वर्ष पहले सौरभ के स्नेहा के घर जाने पर विवाद हुआ था, जिसके बाद उसके खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ और उसे जेल भेजा गया था। नवंबर में जमानत पर छूटने के बाद वह बाहर था।
दो दिसंबर को स्नेहा के लापता होने और फिर बीस दिसंबर को उसका शव मिलने के बाद सौरभ पर हत्या का आरोप लगा और पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। इसी बीच उसका शव आजमगढ़ में मिलना कई सवाल खड़े कर रहा है।
एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने बताया कि सुसाइड नोट की सत्यता, घटनास्थल से मिले साक्ष्य और अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। अंबेडकरनगर पुलिस के साथ समन्वय बनाकर पूरे मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।