चार साल में सबसे ज्यादा बारिश और 75 साल का सबसे ठंडा अक्टूबर दिवस भी दर्ज, 30 अक्टूबर को AQI गिरकर 60 पर पहुंचा
नई दिल्ली। सर्दियों की शुरुआत के साथ दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने की आशंका रहती है, लेकिन अक्टूबर 2026 में राजधानी की हवा ने राहत दी है। इस बार दिल्ली में पिछले 11 वर्षों में अक्टूबर महीने का सबसे कम औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) दर्ज किया गया। इसके साथ ही चार साल में अक्टूबर की सबसे अधिक बारिश और 1951 के बाद महीने का सबसे ठंडा दिन भी रिकॉर्ड किया गया। मौसम में आए इन बदलावों का असर प्रदूषण के स्तर पर भी दिखाई दिया।
2015 के बाद अक्टूबर की सबसे साफ हवा
सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर (CREA) के विश्लेषण के मुताबिक, अक्टूबर 2026 में दिल्ली का औसत AQI 167 रहा। 2015 के बाद अक्टूबर महीने के लिए यह सबसे कम औसत स्तर है। इसके मुकाबले अक्टूबर 2025 में औसत AQI 223, 2024 में 234, 2023 में 219 और 2022 में 210 दर्ज किया गया था। इस महीने 22 दिन हवा मध्यम, तीन दिन संतोषजनक और पांच दिन खराब श्रेणी में रही।
30 अक्टूबर को AQI घटकर 60 पर पहुंचा
30 अक्टूबर को दिल्ली का AQI 60 दर्ज किया गया। अक्टूबर महीने में 10 अक्टूबर 2022 को 44 AQI दर्ज होने के बाद यह सबसे साफ दिन रहा। इस महीने अधिकतम AQI 245 रहा, जो 2015 के बाद अक्टूबर का सबसे कम अधिकतम स्तर बताया गया है। हालांकि, 21 अक्टूबर को AQI 245 पहुंचने पर हवा खराब श्रेणी में दर्ज की गई थी।
चार साल में अक्टूबर की सबसे ज्यादा बारिश
इस साल अक्टूबर में दिल्ली में 30 अक्टूबर की सुबह 8:30 बजे तक कुल 123.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। 1954 के बाद अक्टूबर महीने में बारिश के लिहाज से यह चौथा सबसे बड़ा आंकड़ा है। सामान्य तौर पर दिल्ली में अक्टूबर के दौरान करीब 15.1 मिलीमीटर बारिश होती है। इस बार बारिश सामान्य से कई गुना अधिक रही।
सफदरजंग में 123.3 मिलीमीटर, पालम में 85.7 मिलीमीटर और लोधी रोड पर 130.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इन सभी केंद्रों पर सामान्य से काफी अधिक बारिश हुई।
1951 के बाद अक्टूबर का सबसे ठंडा दिन
बारिश के कारण तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। 30 अक्टूबर को सफदरजंग मौसम केंद्र पर अधिकतम तापमान 20.7 डिग्री सेल्सियस रहा। 1951 के बाद अक्टूबर महीने में यह सबसे कम अधिकतम तापमान है। वहीं, अक्टूबर में औसत न्यूनतम तापमान 20.7 डिग्री और औसत अधिकतम तापमान 32.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
प्रदूषण में कमी के पीछे मौसम की भी भूमिका
CREA के मनोज कुमार के मुताबिक, दिल्ली की हवा में सुधार का पूरा श्रेय ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) के उपायों को नहीं दिया जा सकता। बारिश और मौसम में बदलाव की भी इसमें अहम भूमिका रही। उन्होंने बताया कि 30 अक्टूबर को AQI घटकर 60 पर पहुंचने के साथ सफदरजंग में 61.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई थी।
वहीं, जनवरी से अक्टूबर 2026 के बीच दिल्ली का औसत AQI 168 रहा। 2020 के बाद इस अवधि का यह सबसे कम स्तर है। कुल मिलाकर अक्टूबर में हुई बारिश और तापमान में गिरावट से दिल्लीवासियों को प्रदूषण से कुछ राहत मिली है।