दिल्ली की राजनीति में एक नया विवाद तब खड़ा हो गया जब आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता सौरभ भारद्वाज ने पार्टी सांसद राघव चड्ढा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि चड्ढा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से उन सभी पोस्ट को हटा दिया है, जिनमें उन्होंने पहले नरेंद्र मोदी और भारतीय जनता पार्टी की आलोचना की थी।
भारद्वाज ने यह मुद्दा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर उठाया और कहा कि चड्ढा की प्रोफाइल अब पूरी तरह बदली हुई नजर आ रही है। उन्होंने बताया कि पहले जो पोस्ट AAP के अन्य नेताओं द्वारा भी साझा की गई थीं, वे भी अब हट चुकी हैं।
इस मामले की खास बात यह है कि यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब पार्टी ने हाल ही में राघव चड्ढा को राज्यसभा में उपनेता के पद से हटा दिया है। इस फैसले के बाद से ही राजनीतिक हलकों में चर्चा थी कि पार्टी के भीतर कुछ ठीक नहीं चल रहा।
भारद्वाज ने इस बदलाव को केवल ‘पोस्ट डिलीट करना’ नहीं, बल्कि एक बड़े राजनीतिक संकेत के रूप में देखा। उन्होंने कहा कि चड्ढा की टाइमलाइन में जो बदलाव दिख रहा है, वह बेहद व्यवस्थित और योजनाबद्ध तरीके से किया गया है, जो उनकी नई राजनीतिक रणनीति की ओर इशारा करता है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अब चड्ढा की प्रोफाइल पर जो पोस्ट मौजूद हैं, वे उनकी पुरानी विचारधारा से बिल्कुल अलग हैं। खासकर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जुड़ी पोस्ट में अब आलोचना की जगह प्रशंसा दिखाई देती है।
इस पूरे घटनाक्रम ने न केवल AAP के अंदरूनी हालात को उजागर किया है, बल्कि यह भी सवाल खड़े कर दिए हैं कि क्या राघव चड्ढा अपनी राजनीतिक दिशा बदल रहे हैं। क्या यह किसी नई भूमिका या गठजोड़ की तैयारी है, या फिर यह केवल व्यक्तिगत ब्रांडिंग का हिस्सा है—यह फिलहाल स्पष्ट नहीं है।
फिलहाल, चड्ढा की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, जिससे इस मुद्दे पर सस्पेंस और गहरा गया है। आने वाले समय में उनका बयान इस पूरे विवाद की दिशा तय कर सकता है।