- सुनामगंज में पीट-पीटकर और जहर देकर एक और हत्या
बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। ताजा मामला सुनामगंज जिले से सामने आया है, जहां जॉय महापात्रो नामक एक हिंदू व्यक्ति की बेरहमी से हत्या कर दी गई। परिजनों के अनुसार, एक स्थानीय व्यक्ति ने पहले उन्हें बुरी तरह पीटा और बाद में जबरन जहरीला पदार्थ खिला दिया।
घटना के बाद जॉय महापात्रो की हालत गंभीर हो गई, जिसके बाद उन्हें सिलहट स्थित एमएजी उस्मानी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने उन्हें आईसीयू में रखा, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। इस घटना ने एक बार फिर बांग्लादेश में रह रहे हिंदू समुदाय की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बीते कुछ महीनों में अल्पसंख्यकों पर हमलों की संख्या तेजी से बढ़ी है। अंतरिम सरकार के मुखिया मोहम्मद यूनुस के कार्यकाल के दौरान ऐसी घटनाओं में इजाफा देखा गया है। इससे पहले नरसिंगदी जिले में एक 40 वर्षीय हिंदू व्यक्ति की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी, जिसके बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया था।
5 जनवरी को जशोर के कोपलिया बाजार में हिंदू व्यापारी और पत्रकार राणा प्रताप को गोली मार दी गई थी। वहीं 18 दिसंबर को मयमनसिंह में कपड़ा फैक्ट्री में काम करने वाले दीपू चंद्र दास को ईशनिंदा के आरोपों में पीट-पीटकर मार डाला गया था। आरोप है कि बाद में उनके शव को पेड़ से बांधकर जला दिया गया।
31 दिसंबर 2025 को शरियतपुर में व्यापारी खोकन चंद्र दास पर चाकू से हमला किया गया और उन्हें जिंदा जलाने की कोशिश की गई। तीन दिन बाद ढाका में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि इन मामलों में त्वरित गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई के अभाव ने अपराधियों के हौसले बढ़ाए हैं, जिससे अल्पसंख्यक समुदाय भय के साये में जीने को मजबूर है।