लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में कई अहम फैसलों पर मुहर लगी। बैठक में कुल 24 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इन फैसलों में परिवहन, महिला सशक्तिकरण, सामाजिक सरोकार और प्रदेश के विकास से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्ताव शामिल हैं। रक्षाबंधन से पहले सरकार ने महिलाओं के लिए बड़ा ऐलान करते हुए 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं को उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा देने का फैसला किया है।
60 साल से अधिक उम्र की महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा
कैबिनेट के फैसले के मुताबिक, अब उत्तर प्रदेश में 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाएं परिवहन निगम की बसों में मुफ्त यात्रा कर सकेंगी। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि इस योजना का नाम लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना रखा गया है। सरकार के मुताबिक इस फैसले से प्रदेश की एक करोड़ से अधिक महिलाओं को लाभ मिलने की उम्मीद है।
मुफ्त यात्रा का लाभ लेने के लिए महिलाओं को अपनी उम्र का प्रमाण प्रस्तुत करना होगा। इसके लिए आधार कार्ड या वोटर आईडी कार्ड जैसे दस्तावेज स्वीकार किए जा सकते हैं। सरकार का कहना है कि यह फैसला बुजुर्ग महिलाओं के लिए आवागमन को आसान बनाने के साथ उन्हें सम्मान और आत्मनिर्भरता देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
250 इलेक्ट्रिक बसों की खरीद को मंजूरी
कैबिनेट बैठक में प्रदेश के सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक बनाने के लिए 250 इलेक्ट्रिक बसों की खरीद के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई। इनमें 42 सीटर और 52 सीटर बसें शामिल होंगी। इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से शहरों में सार्वजनिक परिवहन की सुविधा बेहतर होने के साथ प्रदूषण कम करने में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
रक्षाबंधन पर महिलाओं को विशेष राहत
रक्षाबंधन के अवसर पर महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा की सुविधा के साथ सरकार का यह फैसला विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सरकार का उद्देश्य महिलाओं को सुरक्षित और सुगम परिवहन उपलब्ध कराना है। इसके अलावा 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं के लिए आजीवन मुफ्त बस यात्रा की व्यवस्था सामाजिक सुरक्षा की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।
अभिभावकों से जुड़ा प्रस्ताव भी मंजूर
कैबिनेट में माता-पिता और बच्चों से जुड़े सामाजिक मुद्दे पर भी अहम प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। सरकार ने ऐसे मामलों पर ध्यान देने की दिशा में कदम उठाया है, जहां बुजुर्ग माता-पिता को उनके बच्चों की ओर से उपेक्षा का सामना करना पड़ता है।
कुल मिलाकर योगी कैबिनेट के 24 फैसलों में महिला कल्याण, परिवहन, सामाजिक सुरक्षा और विकास पर विशेष जोर दिखाई दिया। अब इन फैसलों को जमीन पर कितनी तेजी और प्रभावी तरीके से लागू किया जाता है, इस पर सभी की नजर रहेगी।