Palghar Earthquake: महाराष्ट्र के पालघर जिले में रात के समय लगातार दो भूकंपीय झटके महसूस किए जाने से स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई। झटके महसूस होते ही कई लोग एहतियात के तौर पर अपने घरों से बाहर निकल आए। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, भूकंप के झटके मुख्य रूप से जव्हार और विक्रमगढ़ इलाके में महसूस किए गए। हालांकि, कम तीव्रता के इन झटकों से किसी बड़े नुकसान की सूचना सामने नहीं आई है।
एक घंटे के भीतर दो बार कांपी धरती
स्थानीय स्तर पर सामने आई जानकारी के अनुसार, पहला झटका रात करीब 10 बजकर 04 मिनट पर महसूस किया गया। इसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 3.2 बताई गई। इसके करीब एक घंटे बाद रात लगभग 11 बजे एक और झटका महसूस हुआ, जिसकी तीव्रता 3.4 दर्ज किए जाने की जानकारी है।
एक ही रात में लगातार दो झटके महसूस होने के कारण लोगों में स्वाभाविक रूप से चिंता बढ़ गई। खासकर उन इलाकों में रहने वाले लोग सतर्क हो गए, जहां पहले भी समय-समय पर भूकंपीय गतिविधियां दर्ज होती रही हैं।
जव्हार के आसपास रहा भूकंपीय क्षेत्र
बताया जा रहा है कि भूकंप का केंद्र जव्हार तालुका के आसपास जमीन के भीतर था। कम तीव्रता होने के कारण इस घटना से बड़े पैमाने पर नुकसान की खबर नहीं है। हालांकि, स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
पालघर और इसके आसपास का क्षेत्र पहले भी भूकंपीय गतिविधियों के कारण चर्चा में रहा है। हालिया वैज्ञानिक अध्ययन में भी पालघर जिले में पिछले कुछ वर्षों के दौरान लगातार भूकंपीय घटनाओं का उल्लेख किया गया है। अध्ययन के अनुसार, जिले का बड़ा हिस्सा सिस्मिक जोन III में आता है।
किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, इन झटकों के कारण किसी व्यक्ति के घायल होने, मौत होने या बड़े पैमाने पर इमारतों के क्षतिग्रस्त होने की पुष्टि नहीं हुई है। कम तीव्रता के भूकंप अक्सर कुछ सेकंड तक ही महसूस होते हैं, लेकिन रात के समय अचानक धरती हिलने से लोगों में डर का माहौल बन सकता है।
प्रशासन की ओर से लोगों से अपील की गई है कि वे घबराएं नहीं और किसी भी अपुष्ट जानकारी या अफवाह पर भरोसा न करें। भूकंप के दौरान घर के अंदर होने पर मजबूत टेबल या फर्नीचर के नीचे शरण लेना और खिड़कियों, शीशों तथा भारी सामान से दूर रहना सुरक्षित उपाय माना जाता है।
पालघर में पहले भी दर्ज हुई है भूकंपीय गतिविधि
पालघर जिले में पिछले वर्षों में छोटे और मध्यम तीव्रता के भूकंप दर्ज होते रहे हैं। सरकारी भूकंपीय रिकॉर्ड में भी पालघर क्षेत्र में कम तीव्रता की घटनाएं दर्ज हैं।
फिलहाल प्रशासन और भूकंप निगरानी एजेंसियों की नजर क्षेत्र की आगे की गतिविधियों पर है। अगर आने वाले समय में कोई और झटका महसूस होता है, तो उसकी तीव्रता और केंद्र की आधिकारिक जानकारी संबंधित एजेंसियों की ओर से जारी की जाएगी।