गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को गोरखपुर में आयोजित विकास परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश में दंगे, अराजकता और भेदभाव का माहौल था, जबकि आज बिना किसी भेदभाव के विकास योजनाओं का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंच रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2007 से 2017 के दौरान समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और कांग्रेस की सरकारों में प्रदेश का विकास प्रभावित हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि इस अवधि में 29 चीनी मिलें बंद कर दी गईं, जिससे हजारों युवाओं के रोजगार पर असर पड़ा। योगी ने कहा कि उस समय सरकारी भर्तियों में सिफारिश, भ्रष्टाचार और सिंडिकेट का बोलबाला था, जबकि वर्तमान सरकार में चयन पूरी तरह योग्यता और पारदर्शिता के आधार पर हो रहा है।
सीएम योगी ने गोरखपुर के युवाओं का उदाहरण देते हुए कहा कि आज यूपी पुलिस, शिक्षक भर्ती और उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) की परीक्षाओं में बड़ी संख्या में स्थानीय युवा अपनी मेहनत और प्रतिभा के बल पर चयनित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह बदलाव प्रदेश में बेहतर कानून-व्यवस्था, सुरक्षा और डबल इंजन सरकार की विकासोन्मुखी नीतियों का परिणाम है।
धार्मिक आयोजनों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले होली, दुर्गा पूजा, रामनवमी, जन्माष्टमी और कांवड़ यात्रा जैसे पर्वों के दौरान तनाव और अराजकता का माहौल बना रहता था। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जिन्होंने कभी राम जन्मभूमि आंदोलन में बाधाएं खड़ी की थीं, वही आज आस्था की राजनीति कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने किसानों, व्यापारियों और महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि पहले अन्नदाता, व्यापारी और बेटियां खुद को असुरक्षित महसूस करती थीं, लेकिन अब प्रदेश में कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है और सरकार की योजनाओं का लाभ गांव, गरीब, किसान, नौजवान और महिलाओं तक समान रूप से पहुंच रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 995 करोड़ रुपये से अधिक लागत की 14 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के प्रत्येक जिले में आधारभूत ढांचे, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए लगातार काम कर रही है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री के भाषण में विकास, कानून-व्यवस्था, रोजगार और धार्मिक आस्था जैसे मुद्दे प्रमुख रहे। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार का लक्ष्य प्रदेश के समग्र विकास के साथ-साथ हर नागरिक तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है।