देश में भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी लगातार तेज होती जा रही है। इसी बीच बीजेपी ने ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत कई शहरों में पदयात्रा निकालने की तैयारी की है। गुरुवार को इस अभियान में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और कई बड़े भाजपा नेता शामिल होंगे। हरियाणा, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और राजस्थान में होने वाली इन पदयात्राओं को लेकर राजनीतिक हलचल तेज है। आइए जानते हैं कि आज कहां-कहां यह मार्च निकाला जाएगा और कौन-कौन से नेता इसकी अगुवाई करेंगे।
कई शहरों में निकलेगी बीजेपी की पदयात्रा
बीजेपी के ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत गुरुवार को देश के अलग-अलग शहरों में पदयात्राएं निकाली जाएंगी।
हरियाणा के करनाल में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह इस पदयात्रा की अगुवाई करेंगे। वहीं, उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मार्च निकालेंगे।
इसके अलावा महाराष्ट्र के नागपुर में भी पदयात्रा का आयोजन किया जाएगा। यहां मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी शामिल होंगे।
राजस्थान की राजधानी जयपुर में केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव इस अभियान का नेतृत्व करेंगे।
जयपुर में अश्विनी वैष्णव ने किए मंदिर में दर्शन
पदयात्रा में शामिल होने से पहले केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव जयपुर के प्रसिद्ध गोविंद देव जी मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान के दर्शन किए और महंत स्वामी जी के प्रति अपना सम्मान व्यक्त किया।
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि उन्हें गोविंद देव जी के पवित्र दर्शन करने का सौभाग्य मिला। उन्होंने मंदिर में महंत जी की सेवा और उनके योगदान की भी सराहना की।
कांग्रेस पर अश्विनी वैष्णव ने साधा निशाना
बीजेपी के इस अभियान को लेकर अश्विनी वैष्णव ने कांग्रेस पार्टी पर भी निशाना साधा।
उन्होंने कहा कि बीजेपी और एनडीए ने हमेशा भारतीय संविधान में विश्वास रखा है। वहीं, उनके मुताबिक कांग्रेस संविधान और लोकतंत्र को कमजोर करने का काम कर रही है।
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि जो लोग संविधान की प्रति दिखाते हैं, उन्हें उसके सिद्धांतों पर भी विश्वास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि संविधान की रक्षा करना और लोकतंत्र को बचाना सभी की जिम्मेदारी है।
उनके मुताबिक, इस पदयात्रा का उद्देश्य जनता के सामने उन लोगों के विचारों को रखना है, जिन पर भाजपा लोकतांत्रिक व्यवस्था और संवैधानिक संस्थाओं को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगा रही है।
गोरखपुर में भी निकाली गई थी पदयात्रा
इस अभियान के तहत एक दिन पहले बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन गोरखपुर पहुंचे थे। यहां मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी उनके साथ पदयात्रा में शामिल हुए।
पदयात्रा से पहले एक रैली का आयोजन भी किया गया था। इस दौरान नितिन नवीन और योगी आदित्यनाथ ने राहुल गांधी और अखिलेश यादव पर निशाना साधा।
SIR और चुनाव आयोग को लेकर जारी है राजनीतिक विवाद
दरअसल, SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों के नेता विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। विपक्ष की ओर से चुनाव आयोग और SIR प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।
वहीं, बीजेपी ने इसके जवाब में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान शुरू किया है। इस अभियान के जरिए पार्टी विपक्ष के विरोध प्रदर्शनों और उसके राजनीतिक रुख पर सवाल उठा रही है।
अब गुरुवार को अलग-अलग शहरों में होने वाली पदयात्राओं पर राजनीतिक दलों और लोगों की नजर रहेगी। इन कार्यक्रमों के दौरान भाजपा नेताओं के भाषण और विपक्ष की प्रतिक्रिया भी चर्चा का विषय बन सकती है।